Pariksha Pe Charcha 2020: परीक्षा के लिए PM मोदी का छात्रों को गुरु मंत्र, कहा- डर की वजह से आगे नहीं बढ़े तो इससे बुरा कुछ नहीं

Pariksha Pe Charcha 2020: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने सोमवार को छात्रों से ‘परीक्षा पे चर्चा’ की. पीएम मोदी ने उनके साथ अपने मूल्यवान सुझाव साझा किए. इस दौरान पीएम ने शिक्षकों और अभिभावकों से भी संवाद किया.

Pariksha Pe Charcha 2020: परीक्षा के लिए PM मोदी का छात्रों को गुरु मंत्र, कहा- डर की वजह से आगे नहीं बढ़े तो इससे बुरा कुछ नहीं

पीएम मोदी इससे पहले भी छात्रों से ‘परीक्षा पे चर्चा’ कर चुके हैं. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने सोमवार को छात्रों से ‘परीक्षा पे चर्चा’ (Pariksha Pe Charcha 2020) की. पीएम मोदी ने उनके साथ अपने मूल्यवान सुझाव साझा किए. इस दौरान पीएम ने शिक्षकों और अभिभावकों से भी संवाद किया. इस कार्यक्रम का मकसद यह सुनिश्चित करना था कि छात्र तनावमुक्त होकर आगामी बोर्ड एवं प्रवेश परीक्षाएं दें. दिल्ली के तालकटोरा इनडोर स्टेडियम में आयोजित किए गए ‘परीक्षा पे चर्चा’ के तीसरे सत्र में पीएम मोदी ने छात्रों और शिक्षकों से परीक्षा के तनाव को दूर करने पर संवाद किया. इस कार्यक्रम में करीब 2,000 छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों ने भाग लिया. इनमें से 1,050 छात्रों का चयन निबंध प्रतियोगिता के जरिए किया गया था. कार्यक्रम सोमवार दोपहर 11 बजे शुरू हुआ था और बीजेपी के ‘यूट्यूब’ (YouTube) चैनल पर भी इसका सीधा प्रसारण किया गया था. ‘परीक्षा पे चर्चा’ के लिए मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने उन छात्रों का चयन किया, जिन्होंने पांच विषयों पर उनके द्वारा दिए गए निबंधों को सही रूप से प्रस्तुत किया.

PM Modi’s Pariksha Pe Charcha 2020 Updates:

Jan 20, 2020पीएम मोदी छात्रों के सवालों के जवाब देने के बाद मंच से नीचे उतरे और बच्चों, शिक्षकों व अभिभावकों से मिले. उनके साथ शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक भी मौजूद रहे. इस दौरान प्रधानमंत्री बच्चों ने के साथ खूब सेल्फी खिंचवाते भी नजर आए.Jan 20, 2020 13:20 (IST)पीएम ने कहा, ‘कोई काम बुरा नहीं होता है, उस कालखंड के लोगों को वो काम गलत लग सकता है, लेकिन एक छोटी सी रुचि भी आपके जीवन को बदल सकती है. सामाजिक जिम्मेदारी का भाव हो तो बहुत बड़ी समाज सेवा भी आप कर सकते हैं.’Jan 20, 2020 13:19 (IST)पीएम ने कहा, ‘हमने डर के कारण आगे पैर नहीं रखे, इससे बुरी कोई अवस्था नहीं हो सकती. हमारी मनोस्थिति ऐसी होनी चाहिए कि हम किसी भी हालत में डगर आगे बढ़ाने का प्रयास करेंगे, ये मिजाज तो हर विद्यार्थी का होना चाहिए.’Jan 20, 2020 13:18 (IST)पीएम ने छात्रों से कहा, ‘विद्यार्थी कोई कालखंड के लिए नहीं होता. हमें जीवन भर अपने भीतर के विद्यार्थी को जीवित रखना चाहिए. जिंदगी जीने का यही उत्तम मार्ग है, नया-नया सीखना, नया-नया जानना.’Jan 20, 2020 12:34 (IST)आंध्र प्रदेश के छात्र चावेद पवार, छत्तीसगढ़ की छात्रा मोनिका और जम्मू-कश्मीर की छात्रा करिश्मा ने पीएम से पूछा, ‘उनके मां-बाप की उम्मीदें हैं कि वह अच्छे मार्क्स लाएं, वह कैसे उनकी उम्मीद पूरी कर सकते हैं और इसके स्ट्रेस से कैसे फ्री हो सकते हैं.’ पीएम मोदी ने कहा, ‘मैं किसी भी माता-पिता पर दबाव नहीं डालना चाहता हूं. मैं नहीं चाहता हूं कि मेरे कहने के बाद बच्चे बगावत करें. मां-बाप, शिक्षकों को सोचना चाहिए कि बच्चों की कैपिबिलिटी कितनी है. उनको बच्चों को प्रोत्साहित करना चाहिए.’Jan 20, 2020 12:29 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘अगर हम बिजली-पानी की सही इस्तेमाल करते हैं, घर में अन्य व्यवस्थाओं का सही रूप से पालन करते हैं तो ये भी देशभक्ति है.’Jan 20, 2020 12:28 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘अगर हम मेक इन इंडिया सामान खरीदते हैं तो फायदा देश का होगा, ये आपका कर्तव्य भी होगा. आपको अपना कर्तव्य ही सही ढंग से निभाना है.’Jan 20, 2020 12:25 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘2022 में आजादी के 75 साल हो रहे हैं और 2047 में आजादी के 100 साल होंगे, तो आप कहां होंगे. आप किसी न किसी व्यवस्था में लीडर होंगे.’Jan 20, 2020 12:24 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘महात्मा गांधी कहते थे कि मूलभूत अधिकार नहीं बल्कि कर्तव्य होते हैं. अगर हम ईमानदारी से अपना कर्तव्य निभाते हैं तो सब चीजें सही हो सकती हैं.’Jan 20, 2020 12:23 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘अधिकार और कर्तव्य जब साथ-साथ बोले जाते हैं तो गड़बड़ शुरू हो जाती है. हमारे कर्तव्य में ही सबके अधिकार समाहित हैं. अगर मैं शिक्षक के नाते अपना कर्तव्य निभाता हूं तो विद्यार्थी के अधिकार की रक्षा होती है.’Jan 20, 2020 12:22 (IST)PM ने आगे कहा, ‘1962 की वॉर के बाद अरुणाचल प्रदेश का मिजाज बदला है, वहां के लोगों ने सभी भाषाओं को अपनाया है.’Jan 20, 2020 12:21 (IST)अरुणाचल प्रदेश की छात्रा तपी अगू, गुजरात की गुनाक्षी शर्मा और चेन्नई के छात्र शैलेष कुमार ने पीएम मोदी से पूछा, ‘नागरिक अधिकारों और कर्तव्यों में सबसे ज्यादा क्या जरूरी है.’ PM मोदी ने जवाब देते हुए कहा, ‘देश में अरुणाचल प्रदेश एक ऐसा प्रदेश है, तो वहां के लोग एक-दूसरे से जब मिलते हैं तो जय हिंद कहते हैं.’Jan 20, 2020 12:16 (IST)PM मोदी ने कहा, ‘मैं नई टेक्नोलॉजी को बहुत पसंद करता हूं और इसके बारे में जानना चाहता हूं. आप वादा करो कि आप टेक्नोलॉजी फ्री ऑवर जरूर अपने जीवन में लाओगे. इन घंटों में आप किसी भी डिवाइस को हाथ नहीं लगाओगे, वादा करो. आप इस समय में परिवार से बात करोगे, ऐसा करके जिंदगी बहुत अच्छी हो जाएगी.’Jan 20, 2020 12:13 (IST)PM ने कहा, ‘आप तय कीजिए कि अपने मोबाइल की डिक्शनरी से हर रोज 10 शब्द नोट कीजिए, इन्हें सीखिए, इनका उपयोग करना सीखिए. आज सोशल नेटवर्किंग व्हाट्सएप कर रहा है. आज हम टेक्नोलॉजी के जरिए ही दोस्तों को जन्मदिन की बधाई दे रहे हैं. आप लोग ध्यान रखिए कि आपको टेक्नोलॉजी का गुलाम नहीं होना है. इसके बारे में जानिए लेकिन इसके दुरुपयोग से बचिए.’Jan 20, 2020 12:09 (IST)PM ने कहा, ‘स्मार्टफोन आपका समय चुराता है. आप 10 मिनट अपने दादा-दादी, मां-बाप व परिवार के अन्य लोगों के साथ भी वक्त बिताओ. टेक्नोलॉजी की बुराई से बचना चाहिए. टेक्नोलॉजी को खुद पर हावी न होने दें.’Jan 20, 2020 12:07 (IST)अंडमान-निकोबार की छात्रा और सिक्किम के छात्र ने पीएम से सवाल पूछा, ‘आज देश में बहुत से छात्र विज्ञान और तकनीक की मदद से पढ़ाई कर रहे हैं, ये कितना मददगार है.’ पीएम ने जवाब दिया, ‘हमारा जीवन आज टेक्नोलॉजी फ्रेंडली हो गया है. इससे घबराइए नहीं. टेक्नोलॉजी को दोस्त मानें. इसे कैसे अपने जीवन में प्रयोग करना है, इसपर फोकस करें.’Jan 20, 2020 12:04 (IST)PM ने कहा, ’10वीं-12वीं के विद्यार्थियों से कहना चाहूंगा कि आप कुछ देर के लिए कुछ अलग भी कीजिए. सिर्फ पढ़ाई पर ही ध्यान नहीं दीजिए, माइंड फ्रेश करने के लिए और भी कुछ करिए.’Jan 20, 2020 12:02 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘कई बार मां-बाप बच्चों पर पढ़ाई की तरह एक्सट्रा एक्टिविटी के लिए भी दबाव डालते हैं. मां-बाप ऐसा न करें. बच्चों की रुचि के हिसाब से उनको प्रोत्साहित करना चाहिए.’Jan 20, 2020 12:00 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘अगर मुझे सिखाया गया कि कम बोलने से फायदा होता है तो मुझे इसका प्रयोग घर पर ही करना चाहिए. हमें रोबोट नहीं बनना है. हमारे देश के नौजवानों को ऊर्जा से भरपूर होना चाहिए, इसलिए पढ़ाई के साथ अन्य गतिविधियों में भी बराबर हिस्सा लेना चाहिए. छात्र पढ़ाई और खेल के बीच समय का तालमेल जरूर बैठाएं.’Jan 20, 2020 11:58 (IST)मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल और दिल्ली की छात्रा ने पूछा, ‘जो छात्र पढ़ाई में अच्छे नहीं होते हैं लेकिन अन्य क्षेत्रों जैसे- खेलकूद, संगीत आदि में अच्छे होते हैं, उनका भविष्य क्या होगा, इनके बीच बैलेंस कैसे करें.’ पीएम ने जवाब दिया, ‘शिक्षा के जरिए हम दुनिया में प्रवेश करते हैं. जब बच्चे ABCD सीखते हैं तो इसका मतलब है कि वो नई दुनिया में प्रवेश कर रहे हैं. ‘क ख ग घ’ से शुरू करते हुए वो कहां पहुंच गया. जो हम सीखते हैं उसे रोजाना कसौटी पर कसना चाहिए.’Jan 20, 2020 11:52 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘आज जिंदगी बदल चुकी है. अंक पड़ाव हैं लेकिन ये जिंदगी है और अंक ही सब कुछ है, ये नहीं मानना चाहिए. हमें इस सोच से बाहर आना चाहिए. बच्चों के माता-पिता से गुजारिश करूंगा कि वो बच्चों पर प्रेशर न डालें. बच्चों को उनके मन की भी करने दें.’Jan 20, 2020 11:50 (IST)उत्तराखंड के छात्र मयंक ने वीडियो मैसेज के जरिए पीएम से पूछा, ‘परीक्षा में अच्छे अंक लाने के लिए हम कितना ध्यान लगाएं और क्या अंकों से सफलता को मापा जा सकता है.’ पीएम ने कहा, ‘सफलता-विफलता का टर्निंग पॉइंट मार्क्स बन गए हैं. मन इसी में रहता है कि एक बार ज्यादा अंक ले आऊं. मां-बाप भी ऐसा ही करते हैं. 10वीं के बाद 12वीं और उसके बाद एंट्रेंस एग्जाम के लिए मां-बाप बच्चों पर प्रेशर डालते हैं.’Jan 20, 2020 11:47 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘वेस्टइंडीज के साथ एक मैच में अनिल कुंबले चोटिल होने के बावजूद मैदान में उतरे. ब्रायन लारा का विकेट लेकर उन्होंने पूरा खेल पलट दिया. एक व्यक्ति प्रेरणा की वजह बन जाता है.’Jan 20, 2020 11:45 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘2001 में कोलकाता में इंडिया और ऑस्ट्रेलिया का मैच था. ऐसा माहौल हो गया. बुरे हाल थे. फटाफट हमारे विकेट गिरने लगे. सारा माहौल निराशा का था. ऑडियंस भी नाराज थी. आपको याद होगा राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण ने मैदान में जो कमाल किया, सारी परिस्थिति बदल दी और मैच जीतकर आ गए. एक संकल्प कैसे हार सकता है.’Jan 20, 2020 11:42 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘जब मुझे इसके फेल होने के बारे में पता चला तो मैं सो नहीं पाया. मुझे चैन नहीं आया. मैंने वैज्ञानिकों से मिलने के लिए अपना कार्यक्रम बदला. मैं उनसे मिलना चाहता था. सुबह सभी से मिला और अपने भाव व्यक्त किए. उनकी मेहनत की सराहना की. फिर पूरे देश का माहौल बदल गया.’Jan 20, 2020 11:40 (IST)पीएम मोदी ने कहा, ‘चंद्रयान 2 के समय पर आप सब रातभर जाग रहे थे. आपको ऐसा लग रहा था कि आपने ही किया है. जब नहीं हुआ तो पूरा हिंदुस्तान निराश हो गया था. सब रात को जाग रहे थे. कभी-कभी विफलता हमको ऐसा कर देती है. मुझे लोगों ने वहां जाने से मना किया लेकिन मैंने जाने का फैसला किया.’

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s