Shahdol : मुख्यमंत्री ने कहा नर्मदा महोत्सव हर वर्ष मनाया जाएगा, भारतीय संस्कृृति दिलों को जोडऩे वाली संस्कृति

Feb, 02 2020 11:54:03 (IST)

मुख्यमंत्री ने तीन दिवसीय नर्मदा महोत्सव का किया शुभारंभ

अनूपपुर। भारतीय संस्कृति दिलों को जोडऩे वाली संस्कृति है। हमारी विविध संस्कृतियों के बाद भी भारत एक है हमें इसका सम्मान करना चाहिए, यह संस्कृति हमारी शक्ति है जिस पर विश्व आश्चर्य करता है। नर्मदा महोत्सव भी भारतीय संस्कृति का ही एक अंग है। यह महोत्सव हर वर्ष मनाया जाएगा। यह बात प्रदेश मुख्यमंत्री कमलनाथ ने ३१ जनवरी शुक्रवार अमरकंटक में तीन दिवसीय नर्मदा महोत्सव के शुभारंभ समारोह को संबोधित करने के दौरान कही। उन्होंने कहा अमरकंटक क्षेत्र का विकास तेजी से किया जा रहा है। आज हमारी सबसे बड़ी चुनौती कृषि क्षेत्र और नौजवानों की है, युवाओं को रोजगार चाहिए। प्रदेश में युवाओं का भविष्य सुरक्षित हो इसके प्रयास किए जा रहे हैं। जय किसान फसल ऋण माफी योजना में प्रथम चरण में 21 लाख किसानों का कर्जा माफ हुआ है। किसानों का 2 लाख रुपए तक का कर्जा माफ करने का वचन दिया था, कर्ज माफी का कार्य तेजी से किया जा रहा है। मध्यप्रदेश का चेहरा तेजी से बदल रहा है, मध्यप्रदेश की तुलना छोटे प्रदेशों से नहीं होनी चाहिए। प्रदेश में नए निवेश को प्रोत्साहित किया जा रहा है। इससे प्रदेश में आर्थिक गतिविधियां बढ़ेगी, युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, मध्य प्रदेश की नई पहचान बनेगी। हम मध्यप्रदेश का एक नया इतिहास बनाने की प्रतिबद्धता के साथ काम कर रहे हैं। विधानसभा अध्यक्ष एनपी प्रजापति ने नर्मदा महोत्सव पर लोगों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सनातन धर्म की पवित्र और पावन नर्मदा नदी के उद्गम स्थल से शुरू की गई बयार खंभात की खाड़ी तक पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि अमरकंटक क्षेत्र में भालुओ की बहुलता को दृष्टिगत रखते हुए जामवंत वन्य प्राणी पार्क बनाना उचित होगा। खनिज साधन मंत्री एवं अनूपपुर जिले के प्रभारी मंत्री प्रदीप जायसवाल ने नर्मदा उत्सव के लिए प्रति वर्ष बजट में प्रावधान किए जाने की बात कही। उन्होंने कहा कि अमरकंटक क्षेत्र में पर्यटन वन विकास और अध्यात्म के क्षेत्र में बहुत संभावनाएं हैं। जिसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन अनूपपुर द्वारा आदिवासी छात्र-छात्राओं को परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इससे इस क्षेत्र के आदिवासी युवाओं को लाभ होगा। इस मौके पर जिले के विकास के लिए एक वर्ष में किए गए कार्यों की जानकारी दी। विधायक पुष्पराजगढ़ फुंदेलाल सिंह मार्को ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा आदिवासी समुदाय के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है। मुख्यमंत्री मदद योजना, बच्चे के जन्म पर खाद्यान्न वितरण योजना, प्रदेश सरकार की अभिनव योजना है। कलेक्टर चन्द्रमोहन ठाकुर ने नर्मदा महोत्सव समारोह में जिले में एक वर्ष में किए गए विकास कार्यो एवं शिक्षा, कृषि, उद्यानिकी विकास सहित अन्य गतिविधियों के उपलब्धियों की जानकारी दी। इसके पूर्व प्रदेश के मुख्यमंत्री ने तीन दिवसीय अमरकंटक नर्मदा महोत्सव का दीप प्रज्वलित कर और कन्या पूजन कर शुभारंभ किया। समारोह में पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद दिग्विजय सिंह, प्रदेश के आदिम जाति कल्याण मंत्री ओमकार सिंह मरकाम, प्रदेश के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री कमलेश्वर पटेल, जिपं अध्यक्ष अनूपपुर रूपमती सिंह, पूर्व मंत्री एवं विधायक अनूपपुर बिसाहू लाल सिंह, विधायक बिछिया नारायण सिंह पट्टा, विधायक कोतमा सुनील सराफ, जिला योजना समिति के सदस्य जयप्रकाश अग्रवाल, कमिश्नर शहडोल संभाग आरबी प्रजापति, कलेक्टर चंद्र मोहन ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
बॉक्स: प्रदेश के सुख समृद्धि की कामना
दोपहर नर्मदा महोत्सव उद्घाटन के पूर्व प्रदेश के मुख्य मां नर्मदा के उद्गम स्थल में पूजा अर्चन की तथा प्रदेश के सुख समृद्धि एवं प्रदेशवासियों के सुख समृद्धि की कामना की। इसके उपरांत मां नर्मदा के उद्गम स्थल नर्मदा मंदिर से नर्मदा की शोभायात्रा निकाली गई। जिसमें मां नर्मदा को रथ पर विराजमान किया गया, जहां प्रदेश के मुख्यमंत्री सहित अन्य विशिष्ट अतिथियों ने मंदिर परिसर से निकाली गई शोभायात्रा में शामिल हुए। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने का दीप प्रज्वलित कर महोत्सव शुभारंभ किया। शुभारंभ अवसर पर अमरकंटक की बेटी मां नर्मदा है के मान्यता स्वरूप मां नर्मदा को साक्षी मानकर प्रतीक स्वरूप 5 कन्याओं का पूजन किया तथा उन्हें उपहार भेंट किया। इस अवसर पर उन्होंने साधु-संतों का शाल-श्रीफल से सम्मान किया। सम्मानित होने वाले साधु-संतों में महामंडलेश्वर कम्प्यूटर बाबा अध्यक्ष मां नर्मदा, क्षिप्रा एवं मंदाकिनी नदी न्यास एवं समस्त सहयोगी नदियां मप्र शासन, आचार्य महामण्डलेश्वर ब्रम्हार्षि रामकृष्णानंद जी महाराज मार्कण्डेय आश्रम, महामंडलेश्वर रामभूषण दास जी महाराज शांति कुटी आश्रम, जगतपुर रामराजेश्वराचार्य मौली सरकार फलाहारी आश्रम, हिमाद्री मुनि जी कल्याण सेवा आश्रम तथा मृत्युंजय आश्रम अमरकंटक के प्रतिनिधि व्यवस्थापक योगेश जी शामिल रहे।

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s