देश की जनता पर अंग्रेजो की लगान वसूली वाले नियम सुरु होगये

कोरोना के नाम पर चाहे आप भूक से मरो या बीमारी से अगर घर से बाहर निकले तो लगान देना होगा
आज पूरा भारत कोरोना की चपेट में है कई राज्य में महामारी का रूप ले चुका है
प्रदेश सरकार ने इस से बचने के लिए लॉक डाउन लगा दिया है
लॉक डाउन लगा कर सरकार ने अपना फर्ज पूरा करदिया है
पिछले साल से कोरोना की मार झेल रही जनता के लिए सरकार ने कोई तैयारी नही की
व्यपार बंद करना है
मगर जिनलोगों ने व्यपार बैंक से कर्जा लेकर किया उन लोगो का किया पिछले साल भी बैंक ने लोन किस्तें बाद में ली मगर लेट क़िस्त जमा करने पर ब्याज के साथ डबल क़िस्त जमा करवाई गई
शिवराज सरकार को इस ओर भी ध्यान देना होगा
जब रोजगार बंद है तो बैंक क़िस्त माफ होनी चाहिए
बाद में भी गरीब जनता कह से क़िस्त लाएगी
आज कोरोना की वजह से प्रदेश में कई लोगो के मकान बैंक ने क़िस्त जमा न होने की वजह से कुर्की करलिये
एक तरफ शिवराज सरकार लोगो को मकान बना के देरहि थी
आज उसी जनता के मकान बैंक वाले कुर्की कर रहे है तब सरकार मोन कियो है लॉक डाउन की क़िस्त े लोन के आखिर में ली जाए
अगर किसी का लोन 10 साल का है तो लॉक डाउन जितने टाइम का लगे उसे 10 साल से आगे बढ़ा दिया जाए इस से जनता ओर बैंक दोनों का नुकसान नही होगा
जनता पर अतिरिक्त ब्याज के साथ डबल क़िस्त भरने का भार नही आएगा
जब जनता सरकार के नियमो का पालन करके अपने घरों में है तो सरकार को जनता के बारे में सोचना पड़ेगा
जब पूरे देश मे हकार मचा है हर मोहल्ले से कोरोना डेटबॉडी निकल रही है तब देश के प्रधानमंत्री रेलिया निकाल रहे है
वोट बैंक बनाने के चक्कर मे है
किया देश मे चुनाव जनता की लाशों पर लड़े जाएंगे
ये इस देश की विडंबना है
जह लाशो का ढेर लगा हुआ है हर घर मे अपनो को खोने का गम है वह देश के प्रधानमंत्री कैसे जीत की खुशी मनाए इस बात की तैयारी में लगे है
करोड़ो रूपये खर्च करके चुनाव की रेलिया की जा रही है
आज देश मे लोग भूक से मर रहे है कर्जे के बोझ से मरे जा रहे है जनता को न दवाई न राशन पर्याप्त मात्रा में मिलरहा है
हर तरफ हां हा कार मचा हुआ है
देश के प्रधानमंत्री अपनी राजनीति रोटियां सेंकने में मसरूफ है
चुनाव पर खर्च करने वाले पेसो को अगर देश की जनता पर इस वक़्त खर्च करते तो शायद कुछ लोगो को तो मोत से बचा लेते
आज सारी पार्टी के नेता साथ मिलकर कोरोना से लड़ने के लिए आगे आजाये तो शायद कोरोना ओर देश मे भूक से मरते लोगो को बचा सकते है
एक दूसरे पर कीचड़ उछालने वाले नेता अपना फायदा देखते है प्रधानमंत्री देश की जनता का सरपरस्त होता है पूरे देश की जनता की जिम्मेदारी उसकी होती है
इस देश की संस्कृति है जब परिवार में मौत होती है तो रिस्तेदार कोई खुसी नही मनाते
मगर आज प्रधानमंत्री के हर परिवार में लाशो का मातम है । लोगो की भूखे मरने की नोबत आगयी है
मगर देश मे चुनाव रेलिया की जा रही है ऐसा देश का मुखिया होतो इस देश को कोई बचा नही सकता
देश की जनता मदद कर रही है एक दूसरे की कोई खाना बाट रहा कोई ऑक्सीजन
ओर देश के मुखिया सिर्फ राजनीति कर रहे देश की जनता से पैसे कैसे वसूले जाए
अब लॉक डाउन में सख्ती की जाएगी
मुख्यमंत्री के आदेश अगये है
ये सख्ती कही जेब भरने वाली न बन जाये
हर तरफ अवैध वसूली की जाने लगी है
चलान के नाम पर पैसे बटोरने का खेल कही सुरु न होजाये
जब सरकार को पैसा आता रहेगा तो भुको का दर्द उसे कब समझ आएगा
अंग्रेजो का लगान वसूली का नियम इस देश मे दोबारा सुरु होगया है
जिस देश को हिन्दू मुस्लिम ने मिलकर आजाद किया
आज उसी देश को दोबारा गुलाम बनाने की तैयारी देश के भ्रष्ट नेताओ ने कर ली है
न्यूज़ बाय
Dg न्यूज़ रिपोर्टर
आज़म लाला

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