आत्ममंथन से तो मनुष्य को परमात्मा की प्राप्ति होती है -शास्त्री जी

आत्ममंथन से तो मनुष्य को परमात्मा की प्राप्ति होती है -शास्त्री जी

बाल निकेतन एवं वृद्ध आश्रम कमानी पुल लक्ष्मीगंज में वृद्ध माता-पिता बेसहारा दीन दुखियों के लिए आयोजित संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिवस सुप्रसिद्ध भागवताचार्य पं. घनश्याम शास्त्री जी महाराज ने बताया कि
भागवत कथा से भक्त में सदगुणों का विकास होता है, वह काम, क्रोध, लोभ, भय से मुक्त होता है। कथा का आयोजन माधव बाल निकेतन एवं वृद्धआश्रम संस्था के चेयरमैन नूतन श्रीवास्तव की ओर से माधव बाल निकेतन एवं वृद्ध आश्रम में किया जा रहा है

कथा के चौथे दिन पंडित घनश्याम शास्त्री जी ने कहा कि समुद्र मंथन से तो एक बार में केवल चौदह रत्न मिले थे पर आत्ममंथन से तो मनुष्य को परमात्मा की प्राप्ति होती है। जो हरि का दास है वह सुख दुख से परे होकर हमेशा परमानंद की स्थिति में रहता है। उन्होंने भक्त प्रह्लाद और मीरा का उदाहरण देते हुए भक्त की महानता का वर्णन किया। लाला का जन्म बड़े धूमधाम से किया गया तथा सुंदर सुंदर बहनों के साथ, लाला जन्म सुन आई यशोदा मैया दे दे बधाई भजन पर सभी श्रद्धालुओं ने नृत्य किया तथा सुंदर सुंदर झांकी लगाई गई यह कथा 07 फरवरी तक आयोजित की जाएगी कथा समय दोपहर 12 बजे से शाम 05 बजे तक । सोशल डिस्टेंसिंग एवं शासन द्वारा बताए गए नियमों का पालन किया जा रहा है।
आज श्रीमद् भागवत कथा में मुख्य रूप से बड़ी गंगा साला के महंत रामसेवक जी महामंडलेश्वर आनंदेश्वर जी पूर्व विधायक मुन्ना लाल गोयल पूर्व जिला अध्यक्ष अभय चौधरी राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त बसंत पुरोहित पूर्व जिला महामंत्री अरुण कुलश्रेष्ठ जिला जनपद उपाध्यक्ष शांति शरण गौतम महल गांव के महंत दिलीप शर्मा संजय शर्मा डॉ सुदेश भदौरिया केबीसी की विजेता किरण बाजपेई श्रीमती खुशबू गुप्ता श्रीमती रिशु राजावत सुमन चौरसिया प्रीति थोराट चंद्र प्रकाश मिश्रा सुबोध दुबे विवेक चौहान और समिति के सारे लोग विशेष रूप से उपस्थित थे

Leave a Reply