8 जून से खुल रहे हैं धार्मिक स्थल / मंदिर-मस्जिद-गुरुद्वारों पर रखनी होगी विशेष सावधानी; मास्क लगाने पर ही प्रवेश मिलेगा, कंटेनमेंट एरिया के पूजा-स्थल बंद रहेंगे

कोविड-19 संक्रमण से बचाव के लिए एसओपी जारी, शिवराज सरकार ने जारी किए दिशा-निर्देश
स्वास्थ्य विभाग की सलाह- बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं और 10 साल से कम उम्र के बच्चे घर पर ही रहें

भोपाल. 8 जून से देश और प्रदेश के मठ, मंदिर, मस्जिद, गिरजाघर, गुरुद्वारे और शिवाले सब खुलने जा रहे हैं। इसकी तैयारियां मध्य प्रदेश में भी चल रही हैं। कोविड-19 संक्रमण को रोकने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने एसओपी (स्टैण्डर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) जारी कर दी है। इसके परिपालन में मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग ने भी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके मुताबिक, प्रदेश के कंटेनमेंट एरिया में आने वाले सभी धार्मिक प्रतिष्ठान एवं पूजा-स्थल बंद रहेंगे, केवल इसके बाहर के धार्मिक स्थलों पर प्रवेश की अनुमति होगी।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, कोविड-19 का संक्रमण रोकने के लिए जन-साधारण को आवश्यक सावधानियां बरतनी होंगी। 65 साल से अधिक उम्र के बुजुर्ग, गर्भवती महिलाओं, 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को घर पर ही रहने की सलाह दी गई है। मठ-मंदिर और मस्जिदों में काम करने वाले पुजारी-कर्मचारियों और श्रद्धालुओं से सावधानी बरतने को कहा गया है। सार्वजनिक स्थानों पर आपस में 6 फीट की दूरी रखनी होगी। चेहरे को मॉस्क या फेस कवर से ढंकना अनिवार्य किया गया है। देखने में गंदे न होने पर भी साबुन और पानी से बार-बार 40 से 60 सेकेंड में हाथ धोए जाएं। एल्कोहलयुक्त सेनिटाइजर से (कम से कम 20 सेकेंड तक) हाथों को सैनिटाइज करने की सुविधा उपलब्ध करानी होगी।मंदिर जाने वालों को भी आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करने की सलाह
एटीकेट्स का पालन करते हुए छींकने या खांसने के समय मुंह को रूमाल, टिश्यू पेपर ढंकना जरूरी होगा। लोग खुद के स्वास्थ्य की निगरानी करें और बीमारी के लक्षण होने पर तत्काल जिले की हेल्पलाइन पर संपर्क करेंगे। थूकना वर्जित रहेगा। मंदिर में जाने वालों को भी आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करने की सलाह दी गई है।

पूजा स्थलों ये सावधानी होगी जरूरी

प्रवेश द्वार पर हैंड हाईजीन के लिए सैनिटाइजर, डिस्पेंसर और थर्मल स्क्रीनिंग अनिवार्य रूप से उपलब्ध हो।
लक्षण रहित व्यक्तियों (सर्दी, खांसी, बुखार आदि न होने पर) को ही परिसर में प्रवेश की अनुमति होगी।
मॉस्क या फेस कवर पहने होने पर ही प्रवेश की अनुमति रहेगी।
कोविड-19 संक्रमण से बचाव संबंधी प्रसार सामग्री का प्रदर्शन प्रमुखता से किया जाए।
ऑडियो एवं वीडियो क्लिप द्वारा बचाव संबंधी सावधानियों का बार-बार प्रसारण सुनिश्चित करना होगा।
आगंतुकों को जूते, चप्पल स्वयं के वाहन में रखकर आना होगा, जरूरत होने पर वह खुद ही अलग स्थान पर रखेंगे।
परिसर के बाहर एवं पार्किंग एरिया में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन सुनिश्चित करना संचालकों के लिए अनिवार्य होगा।
परिसर के अंदर अथवा बाहर संचालित दुकान, स्टॉल, कैफेटेरिया में सोशल डिस्टेंसिंग का 24 घंटे पालन करना होगा।
संचालकों को सोशल डिस्टेंसिंग के पालन के लिए लाइन में गोले के निशान बनवाने होंगे। प्रवेश के लिये कतार में कम से कम 6 फीट की दूरी रखनी होगी।
धार्मिक प्रतिष्ठानों में प्रसाद, चरणामृत, छिड़काव आदि का वितरण वर्जित रहेगा। चढ़ावा केश के रूप में न दें अपितु डिजिटल ट्रांसफर ऑफ मनी को प्राथमिकता दें।
मंदिर में घंटी बजाने, फूल, नारियल, अगरबत्ती, चादर आदि चढ़ाने की अनुमति न दी जाए। प्रार्थना के चटाई-कालीन या जाजम न बिछाई जाए।
श्रद्धालु स्वयं अपना कपड़ा लाएं, सामुदायिक रसोई, लंगर, अन्नदान में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन अनिवार्य होगा।
धार्मिक प्रतिष्ठान द्वारा परिसर की बार-बार सफाई और डिस्न्फेक्टेड किया जाना जरूरी होगा।
कर्मचारियों और पूजा स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं द्वारा छोड़े गए मॉस्क का समुचित निपटान करना होगा।

,

About डीजी न्यूज़ मध्य प्रदेश

View all posts by डीजी न्यूज़ मध्य प्रदेश →

Leave a Reply