जिले के पंपों पर नहीं मिल रहा पेट्रोल

DG NEWS SEHORE

सीहोर से सुरेश मालवीय की रिपोर्ट 8871288482

सीहोर । राज्य में आमतौर पर जून में पानी के लिए हा-हाकार मचता है, लेकिन पहली बार पानी के साथ पेट्रोल-डीजल के लिए हाहाकार मचा है। चूंकि तेल कंपनियों ने अपने मुनाफे के लिए भुगतान नियम बदल दिए हैं। कारण जो भी हो अब समस्या आम लोगों के लिए खड़ी हो गई है। लोगों को पेट्रोल-डीजल नहीं मिला तो हाहाकार मच जाएगा और लोगों के कई काम प्रभावित होंगे खासकर खेती। यदि खेती प्रभावित हुई तो किसान हल्ला करेंगे और कई अन्य व्यापार भी प्रभावित होंगे। शहर के कई पेट्रोल पंप बंद हो रहे हैं और कई बंद होने की कगार पर हैं। इंदौर-भोपाल रोड पर कई पेट्रोल पंप बंद हो गए हैं। जिससे लोगों को परेशानी आ रही है।

पेट्रोल और डीजल के दामों में लगातार बढ़ोत्तरी हो रही है। इससे आम जनता पर आर्थिक बोझ भी बढ़ता जा रहा है। गुरुवार को कई जगह पेट्रोल ज्यादा दाम में बेचा गया। जो पेट्रोल 93 रुपये लीटर है वह कई जगह 100 रुपये लीटर भी बिका। हालांकि इसकी सूचना यदि प्रशासन को दी गई तो पंप संचालकों पर कार्रवाई की जा सकती है। सरकार ने कुछ दिन पहले डीजल-पेट्रोल के दामों में कमी लाने के लिए वेट टैक्स कम किए थे, लेकिन अब पेट्रोल-डीजल के साथ रसोई गैस के भी दाम बढे लगे हैं। लोगों का कहना है कि पांच राज्यों में होने वाले चुनाव को लेकर पेट्रोलियम पदार्थ के दाम कम कर दिए गए थे, लेकिन जैसे ही चुनाव हुए उसके बाद पेट्रोलियम पदार्थों के धीरे-धीरे दाम बढ़े लगे हैं। अभी दो दिनों से प्रतिदिन दाम बढ़ रहे हैं। किसानों का मानना है कि अगर डीजल के दाम बढ़ेंगे तो उनको काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। कृषि कार्य में पंप, ट्रैक्टर और अन्य में डीजल का बहुत उपयोग होता है। इधर व्यापारियों को भी पेट्रोलियम पदार्थ के दाम बढे से महंगाई बढे का खतरा सताने लगा है। व्यापारियों का कहना है कि ट्रांसपोर्ट का खर्च बढे लगेगा जिसका सीधा असर सामग्री की कीमतों पर होगा। किसान राजेंद्र सिंह ने बताया कि डीजल और पेट्रोल के दामों में मामूली अंतर बच गया है। ऐसे में ट्रैक्टर से खेती के कार्य करना बेहद मुश्किल हो जाएगा। इसके साथ ही ट्रांसपोर्ट का खर्च भी बढ़ेगा जिससे खाद, बीज समेत अन्य सामग्री के दामों में भी जल्द ही बढ़ोत्तरी हो जाएगी। आम लोगों को पेट्रोल-डीजल के दामों में आ रही तेजी के कारण बेहद परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यदि इसी तरह से दाम बढ़ते रहे तो कुछ ही दिन में डीजल सौ रुपये प्रति लीटर के दाम पर पहुंच जाएगा ।

पंप बंद होने की चर्चा से परेशान लोग

आए दिन डीजल पेट्रोल की कीमतों को लेकर आ रही खबरों से उपभोक्ता ज्यादा परेशान है। कंपनी स्तर पर चर्चा हो रही है कि भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियां तीन दिन की उधारी वाले सिस्टम को खत्म करने के बाद एडवांस रकम लेकर भी राशनिंग से डीजल-पेट्रोल देने की तानाशाही पर उतर आई हैं। जिसके विरोध में आंदोलन भी हो सकता है। वहीं कई जगह रिलायंस और कई अन्य कंपनियों ने तो पेट्रोल खत्म के बोर्ड भी लगा दिए हैं।

भोपाल रोड पर दिखे आउट आफ स्टाक के बोर्ड

सीहोर-भोपाल रोड पर बुधवार की शाम को ही पेट्रोल-डीजल की किल्लत की तस्वीरें दिखने लगीं। कई पेट्रोल पंप पर आउट आफ स्टाक के बोर्ड लगा दिए गए। ऐसे में जो वाहन चालक पेट्रोल-डीजल के लिए पंपों पर कतार में खड़े थे। उनको पेट्रोल नहीं मिला तो कई जगह सेल्समैन और वाहन चालकों में कहासुनी तक की नौबत आ गई।

ग्रामीण क्षेत्रों में सबसे बड़ी परेशानी

ग्रामीण क्षेत्रों में इन दिनों खेतों की बुआई चल रही है, ऐसे में डीजल की डिमांड सबसे ज्यादा हैं। इधर, कंपनियां भी ग्रामीण क्षेत्रों के मुकाबले शहरों पर ज्यादा ध्यान दे रही हैं। साथ ही वर्तमान में एसआरके व रिलांयस जैसे निजी कंपनियों के पेट्रोल पंप भी जिले में 80 प्रतिशत तक बंद है।

हम अपने अधिकारियों को पूरी जानकारी इस संबंध में भेज रहे हैं। जिले में हम नजर जमाए हुए हैं। कहीं थोड़ी बहुत कमी है, लेकिन हम जिले में परेशानी नहीं आने देंगे

एसके तिवारी, जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी

About सुरेश मालवीय इछावर DG NEWS

View all posts by सुरेश मालवीय इछावर DG NEWS →

Leave a Reply